वो नौकरी जिसके लिए हाई कोर्ट के जज को भी देनी पड़ती है लिखित परीक्षा
स्टेट एंड डिस्ट्रिक्ट कंज्यूमर कमीशन का अध्यक्ष या सदस्य बनने के लिए रिटायर्ड जज को भी परीक्षा देनी पड़ती है. हालांकि, इस परीक्षा को लेकर भारत के चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि यह किसी भी जज के लिए बहुत अपमानजनक बात है
अगर आप सरकारी नौकरी हासिल करने का सपना देख रहे हैं, तो उस नौकरी के लिए आयोजित होने वाली परीक्षा को पास करना होगा. हालांकि, कई ऐसे सरकारी पद भी हैं, जहां उम्मीदवार के एक्सपीरियंस को देखते हुए उसे पद सौंपा जाता है. लेकिन अगर हम बताएं कि एक पद ऐसा भी है, जिसके लिए भारत में रिटायर्ड हाईकोर्ट जज को भी परीक्षा देनी पड़ती है तो शायद आप हैरान रह जाएं. लेकिन यह सच है.
दरअसल, स्टेट एंड डिस्ट्रिक्ट कंज्यूमर कमीशन का अध्यक्ष या सदस्य बनने के लिए रिटायर्ड जज को भी परीक्षा देनी पड़ती है. लेकिन इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार (2 फरवरी) को सवाल उठाते हुए केंद्र सरकार से जवाब मांगा.
भारत के चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़, जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस मनोज मिश्रा की बेंच ने कहा कि यह किसी भी जज के लिए बहुत अपमानजनक बात है. बेंच ने कहा कोई भी जज उस एग्जाम में शामिल नहीं होगा जहां उसकी जनरल नॉलेज, संवैधानिक कानून का ज्ञान और मसौदा तैयार करने की क्षमता परखी जाती हो.
इस मुद्दे पर जब चीफ जस्टिस ने केंद्र सरकार से जवाब मांगा सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि केंद्र सरकार रिटायर्ड जज के लिए होने वाली इस परीक्षा के खिलाफ है, लेकिन सुप्रीम कोर्ट के मार्च 2023 में आए एक फैसले में ही यह कहा गया था कि स्टेट और डिस्ट्रिक्ट कंज्यूमर कमीशन का अध्यक्ष या सदस्य बनने के लिए रिटायर्ड जज को भी परीक्षा देनी होगी.
इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने उस निर्देश की व्यवहार्यता पर संदेह जताया, जिसमें कहा गया था कि रिटायर्ड जजों को स्टेट एंड डिस्ट्रिक्ट कंज्यूमर कमीशन का अध्यक्ष या सदस्य बनने के लिए लिखित परीक्षा में शामिल होना पड़ेगा.
एग्जाम का क्या है फॉर्मेट?
स्टेट एंड डिस्ट्रिक्ट कंज्यूमर कमीशन के अध्यक्ष या सदस्य पद के लिए आयोजित की जाने वाली परीक्षा में दो पेपर होते हैं. पेपर 1 में जनरल नॉलेज और करंट अफेयर्स, भारतीय संविधान, विभिन्न उपभोक्ता कानूनों से जुड़े टॉपिक्स से सवाल पूछे जाते हैं. वहीं, पेपर 2 में ट्रेड एंड कॉमर्स/पब्लिक अफेयर्स जैसे मुद्दों पर 1 निबंध लिखना होता है और साथ ही एक केस स्टडी भी आती है.
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