सरकार ने 4 लेबर कोड किए नोटिफाई, 29 पुराने कानूनों को बनाया तर्कसंगत, मिलेंगे ये फायदे

सरकार के मुताबिक, ये कोड्स सभी श्रमिकों के लिए न्यूनतम सुरक्षा, सुरक्षित कार्यस्थल, समय पर वेतन और समान अवसर सुनिश्चित करेंगे। नए कोड्स रोजगार को औपचारिक बनाएंगे, श्रमिक सुरक्षा को मजबूत करेंगे।

Nov 21, 2025 - 19:44
 0  15
सरकार ने 4 लेबर कोड किए नोटिफाई, 29 पुराने कानूनों को बनाया तर्कसंगत, मिलेंगे ये फायदे

भारत सरकार ने शुक्रवार को चार नए श्रम कोड्स यानी लेबर कोड को औपचारिक रूप से नोटिफाई कर दिया, जो देश के श्रमिकों के अधिकारों और सुरक्षा को मजबूत करने के साथ-साथ व्यवसायिक प्रक्रियाओं को सरल और पारदर्शी बनाएंगे। पीटीआई की खबर के मुताबिक, इन कोड्स के लागू होने से 29 पुराने, बिखरे हुए श्रम कानूनों को एक संगठित और आधुनिक ढांचे में समेकित किया गया है।

कौन-कौन से हैं ये चार प्रमुख कोड

वेतन पर कोड, 2019

इंडस्ट्रियल रिलेशन कोड, 2020

सोशल सिक्योरिटी पर कोड, 2020

ऑक्यूपेशनल सेफ्टी, हेल्थ और वर्किंग कंडीशंस यानी OSHWC कोड, 2020

मुख्य सुधार और लाभ

सभी श्रमिकों के लिए न्यूनतम वेतन और समय पर भुगतान सुनिश्चित।

गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स सहित सभी श्रमिक अब सामाजिक सुरक्षा (PF, ESIC, बीमा आदि) के दायरे में आएंगे।

सभी कर्मचारियों के लिए नियुक्ति पत्र अनिवार्य।

महिलाओं के लिए सुरक्षित कार्यस्थल, समान वेतन और रात की पाली में काम की सुविधा।

40 वर्ष से अधिक उम्र के श्रमिकों के लिए वार्षिक मुफ्त स्वास्थ्य जांच।

जोखिम भरे कार्यों में लगे श्रमिकों को 100% स्वास्थ्य सुरक्षा।

फिक्स्ड-टर्म एम्प्लॉईज (FTE) को स्थायी कर्मचारियों के सभी लाभ (छुट्टी, चिकित्सा, सामाजिक सुरक्षा)।

पहली बार गिग वर्क, प्लेटफॉर्म वर्क और एग्रीगेटर्स को परिभाषित किया गया।

आधार लिंक्ड यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (यूएएन) के माध्यम से लाभ सरल, पोर्टेबल और पूरे भारत में उपलब्ध होंगे।

सिस्टम सुधार और आधुनिक सुविधाएं

राष्ट्रीय न्यूनतम मजदूरी और जेंडर-न्यूट्रल कार्य नीति।

इंस्पेक्टर-कम-फैसिलिटेटर मॉडल द्वारा सहयोगात्मक अनुपालन।

दो सदस्यीय ट्रिब्यूनल के माध्यम से तेज़ विवाद समाधान।

नेशनल ओक्यूपेशनल सेफ्टी एंड हेल्थ बोर्ड के जरिए सुरक्षा मानकों का समन्वय।

प्लांटेशन और डिजिटल/ऑडियोविज़ुअल श्रमिकों, जैसे पत्रकार, डबिंग आर्टिस्ट और स्टंट परफॉर्मर्स को भी सामाजिक सुरक्षा लाभ।

प्रधानमंत्री और श्रम मंत्री के विचार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि ये कोड्स सभी श्रमिकों के लिए न्यूनतम सुरक्षा, सुरक्षित कार्यस्थल, समय पर वेतन और समान अवसर सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने इसे स्वदेशी भारत और विकासशील भारत की दिशा में एक बड़ा कदम बताया। श्रम मंत्री मनसुख मंडाविया ने कहा कि नए कोड्स रोजगार को औपचारिक बनाएंगे, श्रमिक सुरक्षा को मजबूत करेंगे और भारत की श्रम पारिस्थितिकी को सरल, सुरक्षित और वैश्विक मानकों के मुताबिक बनाएंगे।

साभार