विधानसभा निर्वाचन - 2023 अभ्यार्थियों को आपराधिक प्रकरण आदि की जानकारी का प्रकाशन अनिवार्य
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के तहत अभ्यर्थी को अपने पूर्व के प्रचलित अपराधिक प्रकरण एवं दोषसिद्ध प्रकरण के संबंध में घोषणा करना अनिवार्य है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के तारतम्य में भारत निर्वाचन आयोग द्वारा इस बावत निर्देश जारी किये गये हैं।
उपरोक्त तीन बार का प्रकाशन अभ्यर्थिता वापसी के अंतिम दिन से चुनाव के 48 घंटे पूर्व की समय सीमा के दौरान कराने का प्रावधान है। संबंधित राजनैतिक दल अभ्यर्थी द्वारा दिये गये स्वयं पर लंबित अपराधिक प्रकरण की जानकारी स्वयं की वेबसाईट में दिखाये जाने हेतु बाध्य होंगे। साथ ही, अभ्यर्थी एवं संबंधित राजनैतिक दल इस संबंध में एक घोषणा जारी करेंगे, जिसे उनके द्वारा समाचार पत्रों एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में प्रसारित/प्रकाशित कराना होगा।
प्रकाशन करने से तात्पर्य नाम-निर्देशन पत्र भरने के पश्चात कम से कम तीन बार प्रकाशन स्थानीय तौर पर अधिक प्रसार संख्या वाले समाचार पत्रों में एवं टी.व्ही. चैनलों पर उनके द्वारा कराए जाने का प्रावधान है।
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