निजी विश्वविद्यालयों में बड़ा बदलाव: कुलगुरु कहलाएंगे कुलपति, संशोधित अधिनियम जारी
मध्य प्रदेश सरकार ने बड़ा निर्णय लेते हुए निजी विश्वविद्यालयों में कुलपति को अब कुलगुरु कहने का आदेश जारी किया है. इस बदलाव के तहत मध्यप्रदेश निजी विश्वविद्यालय अधिनियम में संशोधन किया गया है.
मध्य प्रदेश सरकार ने निजी विश्वविद्यालयों में बड़ा बदलाव करते हुए कुलपति के पदनाम को बदलकर कुलगुरु करने का निर्णय लिया है. इसके लिए 'मध्यप्रदेश निजी विश्वविद्यालय (स्थापना एवं संचालन) संशोधन अधिनियम' के तहत संशोधन किया गया है. गजट नोटिफिकेशन के माध्यम से इस संशोधन को लागू किया गया, जिसमें स्पष्ट किया गया है कि अब से सभी निजी विश्वविद्यालयों में कुलपति की जगह कुलगुरु शब्द का उपयोग अनिवार्य होगा.
आपको बता दें कि इससे पहले एमपी सरकार ने फैसला लिया था कि सरकारी विश्वविद्यालयों के कुलपति को 'कुलगुरु' कहा जाएगा. कुलपति पद का नाम बदलकर 'कुलगुरु' करने के प्रस्ताव को राज्य कैबिनेट ने मंजूरी दी थी और ये फैसला निजी विश्वविद्यालयों में भी लागू किया है.
कॉन्फ्रेंस का वर्चुअल शुभारंभ
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने उज्जैन से AMPRI भोपाल में निर्माण उद्योग विकास परिषद द्वारा आयोजित VC के दौरान शिक्षक दिवस की भी बधाई दी और कहा कि प्रसन्नता है कि *आज कुलपतियों का नाम परिवर्तित कर कुलगुरु किया गया है. मुख्यमंत्री ने कहा कि सर्वपल्ली राधाकृष्णन को समर्पित शिक्षक दिवस पर आज हमें नई प्रेरणा मिलेगी. जैसा कि आप सभी जानते हैं कि भारतीय संस्कृति में गुरु शिष्य परंपरा का विशेष महत्व हैं. इसी के दृष्टिगत *मध्यप्रदेश सरकार ने गुरु पूर्णिमा का पर्व भी शासकीय स्तर पर मनाने का निर्णय लिया है. इस बात की *प्रसन्नता भी है कि कुलपतियों का नाम परिवर्तित कर कुलगुरु किया गया है. मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि अनुसंधानकर्ता वैज्ञानिक गुरु की भांति हैं.अनुसंधान और शोध के क्षेत्र में जनहित की भावना का संकल्प आदिकाल से ही हमारी परंपरा में रहा हैं
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